इंजीनियर ने ग्लैंडर मशीन से अपनी गर्दन काट कर, जानें क्यों किया लिया आत्महत्या,परिवार में कोहराम

पूर्वांचल के जनपद वाराणसी स्थित चितईपुर क्षेत्र अंतर्गत पाल बस्ती निवासी इंजीनियर विशाल पाल (28) ने गुरुवार सोफे पर बैठकर ग्लैडर मशीन (लकड़ी काटने वाली मशीन) से गला काट कर आत्महत्या कर ली। सूचना के बाद फील्ड यूनिट और चितईपुर थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। घटना से परिजनों में कोहराम मचा है। 
प्राप्त जानकारी के अनुसार विशाल पाल बेंगलोर स्थित एक कंपनी में पत्थर जांचने का काम करता था। दो साल पूर्व नौकरी छोड़कर पीएचडी की तैयारी करने के लिए बनारस आ गया था। तभी से ही वह तनाव में रहता था। गुरुवार सुबह वो बाजार से सब्जी लेकर घर लौटा था।
घर के निचले तल पर स्थित कमरे में कोई नहीं था। तभी सोफे पर बैठकर गले पर ग्लैडर मशीन चला लिया। घर में प्लाई का काम चल रहा था। इस कारण किसी को भनक नहीं लगी। जब घर के लोगों ने चाय पीने के लिए आवाज लगाई तब विशाल ने कोई जवाब नहीं दिया। ऊपर के तल से नीचे पहुंचे परिवार के लोगों ने नजारा देखा तो उनके पैरों तले से जमीन खिसक गई।
घटना के बाद सोफे पर खून ही खून था और विशाल औंधे मुंह गिरा हुआ था। उसका गला कटा था। पास में ही ग्लैडर मशीन चालू हालत में था। परिजनों की चीखपुकार सुनकर पास-पड़ोस के लोग मौके पर पहुंचे। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। साक्ष्य संकलन के लिए फॉरेसिंक टीम को भी बुलाया गया।  
विशाल दो भाई और एक बहन में सबसे छोटा था। बड़ा भाई लोको पायलट है। बहन की शादी हो चुकी है। पिता बीएचयू से रिटायर हो चुके हैं। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना से पूरी कॉलोनी के लोग भी मर्माहत हैं।  पुलिस के अनुसार विशाल अवसाद में चल रहा था। इसी कारण उसने ऐसा आत्मघाती कदम उठाया होगा।

Comments

Popular posts from this blog

जौनपुर और मछलीशहर (सु) लोकसभा में जानें विधान सभा वारा मतदान का क्या रहा आंकड़ा,देखे चार्ट

मतगणना स्थल पर ईवीएम मशीन को लेकर हंगामा करने वाले दो सपाई सहित 50 के खिलाफ एफआईआर

आयोग और जिला प्रशासन के मत प्रतिशत आंकड़े में फिर मिला अन्तर