महंत की मौत के मामले में एसआईटी का गठन, यहां जानें कौन-कौन हैं टीम में शामिल



प्रयागराज में अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेन्द्र गिरि की मौत की जांच के मामले में एसआईटी का गठन किया गया है। इसका नेतृत्व डिप्टी एसपी अजीत सिंह चौहान  करेंगे। पुलिस के 18 तेज तर्रार कर्मियों वाली एक टीम इसकी जांच करेगी। इसमें दो सीओ समेत इंस्पेक्टर और सब इंस्पेक्टर स्तर के जांच अधिकारी शामिल किए गए हैं। डिप्टी एसपी अजीत सिंह चौहान के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया है। मामले के विवेचक इंस्पेक्टर महेश भी एसआईटी में शामिल किए गए हैं। इनके अलावा क्षेत्राधिकारी नगर पंचम प्रयागराज आस्था जायसवाल, प्रभारी निरीक्षक जार्जटाउन महेश सिंह, प्रभारी एएचटीयू प्रयागराज सुजीत दुबे, चुनाव कार्यालय वीरेन्द्र कुमार सोनकर, सर्विलासं सेल अपराध शाखा संजय सिंह, थाना जार्जटाउन बलवंत यादव, प्रभारी नारकोटिक्स सेल महावीर सिंह, अपराध शाखा मनोज सिंह अपराध शाखा ,अभय कुमार अपराध शाखा, नवीन राय अपराध शाखा ,अपराध शाखा विनोद दुबे अपराध शाखा अवनीश, अपराध शाखा श्री प्रकाश , फील्ड यूनिट संदीप, फील्ड यूनिट योगेंद्र, शाना शिवकुटी अनीता यादव,थाना जार्जटाउन स्नेहा पौरुष शामिल किए गए है। 
जाँच में हैं कई पेंच महंत नरेंद्र गिरि का सुसाइड नोट भी हुआ बरामद गौरतलब है कि सोमवार को महंत नरेंद्र गिरि की संदिग्ध हालात में मौत होने के बाद पुलिस मामले की जांच कर रही है। उनका शव अल्लापुर स्थित बाघंबरी मठ स्थित उनके आवास में पंखे पर लटका मिला था। इस मामले में मठ को सील कर दिया गया है। पुलिस ने वहां से एक सुसाइड नोट भी बरामद किया है । जिसमें साफ कहा गया है कि आत्महत्या के पीछे महंत नरेन्द्र गिरि के शिष्य आनंद गिरि दोषी हैं। आनंद गिरि के खिलाफ आईपीसी की धारा 306 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। उस पर आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप है। महंत नरेंद्र गिरि ने सुसाइड नोट में उन्होंने आनंद गिरि पर बड़े आरोप लगाए हैं। इसमें लिखा है कि आनंद गिरि ने कंप्यूटर के माध्यम से एक लड़की के साथ मेरी फोटो जोड़ी है , जिसे सोशल मीडिया पर वायरल करने वाला है। 
सुसाइड नोट में महंत नरेंद्र गिरि आनंद गिरि ने लिखा, इससे मेरे चरित्र के ऊपर भी तमाम सवाल उठ सकते हैं, जिसके कारण मैं काफी आहत हूं। उन्होंने यह भी लिखा कि आनंद गिरि द्वारा मेरे ऊपर और मठ के ऊपर जो भी आरोप लगाए गए उससे मैं काफी आहत हुआ। सुसाइड नोट में लिखा है कि मैं महेंद्र गिरि, आज मेरा मन आनंद गिरि के चलते बहुत विचलित हो गया है। आनंद गिरि मुझे बदनाम करने की कोशिश कर रहा है। आज जब मुझे सूचना मिली है कि हरिद्वार से कम्प्यूटर के जरिए आनंद गिरि एक लड़की की फोटो लगाकर मेरा कोई वीडियो वायरल करने जा रहा है, तौ मैं सोच रहा हूं कि मैं कहां जाऊंगा, यदि ऐसा हो गया तो। किस किस को सच बताऊंगा। इसलिए ये कदम उठाने जा रहा हूं।

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