सपा के सांसद वर्क का लम्बी बीमारी के चलते एक निजी अस्पताल में हुआ निधन,क्षेत्र में गहरा शोक


संभल से सपा सांसद डॉ. शफीकुर्रहमान बर्क का निधन हो गया है। वह लंबे समय से मुरादाबाद के निजी अस्पताल में भर्ती थे। एक माह पहले अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें मुरादाबाद के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। कुछ दिनों से उनकी हालत में सुधार था।
मंगलवार को अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। इसके बाद उन्होंने उन्होंने अंतिम सांस ली। चार बार विधायक रहने के बाद 2019 में पांचवीं बार संभल से सांसद चुने गए। उम्र और अनुभव में देश के सबसे वरिष्ठ राजनेता रहे। अपने सियासी तेवरों के कारण उनकी अलग पहचान रही है।
वह बाबरी मस्जिद एक्शन कमेटी के संयोजक रह चुके थे। मुस्लिमों के मुद्दों को उठाने और वंदेमातरम पर अपने बयानों को लेकर सियासत में चर्चित रहे डा. शफीकुर्रहमान बर्क सपा की सियासत में बड़ा चेहरा बनकर उभरे थे। उनका सियासी सफर 60 वर्ष से भी ज्यादा का था।
वह 1967 में संभल विधानसभा से पहला चुनाव लड़े लेकिन कामयाब नहीं हो सके थे। उन्हें विधानसभा के चुनाव में पहली कामयाबी 1974 में मिली थी। वह बीकेडी से विधायक चुने गए। इसके बाद 1977 में जनता पार्टी और 1985 में लोकदल, 1989 में जनता दल से विधायक बने।
एक बार मुलायम सिंह यादव सरकार में होमगार्ड विभाग के मंत्री भी रहे। संसद में उन्होंने 1996 में पहली बार कदम रखा। जनता दल के टिकट पर वर्ष 1996 के चुनाव में मुरादाबाद लोकसभा क्षेत्र से सांसद चुने गए। इसके बाद वर्ष 1998 और 2004 में मुरादाबाद संसदीय सीट से सपा के सांसद चुने गए।
2009 में संभल लोकसभा क्षेत्र से बसपा के टिकट पर चुनाव लड़े और चौथी बार सांसद चुने गए। वर्ष 2014 का लोकसभा चुनाव उन्होंने सपा से लड़ा था पर मामूली अंतर से हार गए थे। वर्ष 2019 में सपा-बसपा-रालोद के गठबंधन से चुनाव जीते और पांचवीं बार सांसद चुने गए। 
नाम- डा. शफीकुर्रहमान बर्क ,
निवासी- मोहल्ला दीपासराय, संभल
आयु- 94 वर्ष
शिक्षा-स्नातक (आगरा विश्वविद्यालय)
राजनीतिक कैरियर
मुरादाबाद लोकसभा क्षेत्र से तीन बार सांसद रहे।
संभल लोकसभा क्षेत्र से दो बार सांसद बने।
संभल विधानसभा क्षेत्र से चार बार विधायक रहे।

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